सछास ने कॉलेज प्रशासन व प्रबंध समिति के खिलाफ खोला मोर्चा,फीस वृद्धि समेत कई मुद्दों पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आंदोलन की चेतावनी
लगातार आरोपों से घिरा कॉलेज प्रशासन, फीस वृद्धि और अन्य मुद्दों पर जवाब देने से बच रहा प्रबंधन, छात्र सभा ने किया नाक में दम
बरेली : समाजवादी छात्र सभा (सछास) ने कॉलेज प्रशासन और प्रबंध समिति की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं। मंगलवार को आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान छात्र नेताओं ने अनधिकृत फीस वृद्धि, निगम टैक्स और वोकेशनल सब्जेक्ट्स से जुड़ी समस्याओं को लेकर अपनी आवाज बुलंद की और जल्द समाधान न होने पर बड़े आंदोलन का ऐलान किया।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान सछास के नेताओं ने कहा कि कॉलेज प्रशासन ने बिना किसी प्रबंध समिति के आधिकारिक अनुमोदन के ही छात्रों पर मनमानी फीस वृद्धि थोप दी है। छात्र नेताओं ने खुलासा किया कि जब उन्होंने इस निर्णय के खिलाफ प्रदर्शन किया और कॉलेज प्रशासन से वार्ता कर प्रबंध समिति की बैठक की तिथि और ब्योरा मांगा,तो कॉलेज प्रशासन कोई भी स्पष्ट जवाब नहीं दे सके।
छात्र नेता डॉ. हृदेश यादव ने प्रेस को संबोधित करते हुए कहा कि कॉलेज प्रशासन लगातार छात्रों के हितों की अनदेखी कर रहा है और वित्तीय पारदर्शिता नहीं बरत रहा। उन्होंने प्रशासन को अल्टीमेटम देते हुए कहा,कॉलेज प्रशासन द्वारा हमे एक आश्वासन 27 अगस्त का मिला है यदि 27 अगस्त तक हमारे द्वारा उठाए गए बिंदुओं और सवालों का लिखित व स्पष्ट जवाब नहीं मिला, तो सछास कॉलेज परिसर में बड़े पैमाने पर आंदोलन करने को बाध्य होगी।"
इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान छात्र नेता सय्यद फरहान अली, मुकेश यादव, करण सिंह, विक्रांत पाल, संजय मेवाती, मनजीत, जावेद गद्दी, अमरीश यादव और डॉ. गजेंद्र कुर्मी मुख्य रूप से मौजूद रहे।
उपस्थित सभी छात्र प्रतिनिधियों ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते बढ़ी हुई फीस वापस नहीं ली गई और वोकेशनल विषयों व निगम टैक्स से जुड़ी विसंगतियों को दूर नहीं किया गया, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी कॉलेज प्रबंधन की होगी।