गेटवे शुल्क,नगर निगम टैक्स और एडमिशन एजेंसी में गड़बड़ी पर सछास ने बरेली कॉलेज में खोला मोर्चा
एक बार फिर मिला सछास के छात्र नेताओं को आश्वासन
TALK 24 | शाहिद मिर्ज़ा यूपी हेड रिपोर्ट
बरेली। पिछले दिनों बुधवार को हुए प्रदर्शन के बाद कॉलेज प्रशासन ने समाजवादी छात्र सभा के प्रतिनिधिमंडल को दो दिन बाद गुरुवार को वार्ता के लिए बुलाने का आश्वासन दिया था। जिस को देखते हुए छात्र नेताओं और कॉलेज के प्राचार्य और उप प्राचार्य से सेमिनार और प्राचार्य कार्यकाल में वार्ता हुई थी जिस वार्ता में निम्न बिंदुओं को लिखा गया और विचार विमर्श करने की बात कही गई थी और सोमवार तक का आश्वासन दिया गया था इसके बाद छात्र नेता सोमवार को अपनी मांगों को लेकर बरेली कॉलेज के प्राचार्य कार्यालय पहुंचे। प्राचार्य की अनुपस्थिति में छात्र नेताओं ने उप प्राचार्य डॉ. वंदना शर्मा के सामने अपनी समस्याएं रखीं और विभिन्न बिंदुओं पर कॉलेज प्रशासन से जवाब मांगा।
छात्र नेताओं ने सबसे पहले गेटवे के नाम पर छात्रों से लिए जा रहे शुल्क को वापस करने की मांग की। इसके अलावा निगम के नाम पर छात्रों से लिए जा रहे 200 रुपये के टैक्स पर भी सवाल उठाया। छात्र नेताओं का कहना था कि यदि यह शुल्क छात्रों से लिया जा रहा है तो इसमें शिक्षकों को भी शामिल किया जाना चाहिए।
प्रवेश प्रक्रिया को लेकर भी छात्र नेताओं ने कॉलेज प्रशासन से जवाब मांगा। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सत्र में प्रवेश प्रक्रिया कराने वाली एजेंसी के स्तर पर 115 फर्जी एडमिशन की अनियमितता की गई है। छात्र नेताओं ने मामले की जांच कराने और संबंधित एजेंसी को ब्लैकलिस्ट करने की मांग की।
छात्र नेताओं ने कॉलेज के प्रोस्पेक्टस में क्रम संख्या 17 से 30 तक विश्वविद्यालय अधिनियम 1973 की धारा 46-अ के तहत प्रबंध समिति के निर्णय के अनुसार शुल्क लिए जाने का उल्लेख होने पर भी सवाल उठाया। उन्होंने पूछा कि इस संबंध में प्रबंध समिति की बैठक कब हुई और उसका अनुमोदन कहां है। छात्र नेताओं के सवालों पर स्पष्ट जवाब नहीं मिलने पर उन्होंने आपत्ति जताई।
उप प्राचार्य डॉ. वंदना शर्मा ने छात्र नेताओं की सभी मांगों को गंभीरता से सुना। उन्होंने आश्वासन दिया कि 27 अगस्त को प्राचार्य की मौजूदगी में सभी बिंदुओं पर चर्चा कर छात्र नेताओं को लिखित रूप में समाधान एवं निम्न दस्तावेज़ दिया जाएगा।
इस दौरान डॉ. हिरदेश यादव, सैयद फरहान अली, भुवनेश प्रधान,डॉ मोहित भरद्वाज, संजय मेवाती, विक्रांत पाल, मुकेश यादव, करण सिंह, मंजीत समेत अन्य छात्र नेता मौजूद रहे।